बुलंदशहर, डेस्क (जय यात्रा): कावड़ यात्रा को सकुशल संपन्न करने के लिए जगह-जगह रूट डायवर्जन का फैसला लिया गया। ऐसे में वाहनों को वैकल्पिक मार्गों का इस्तेमाल करना पड़ा। आपको बता दें कि दस दिनों से ट्रांसपोर्टर्स को खासतौर पर बरेली और मेरठ से उत्तराखंड वाले मार्ग पर समान की आपूर्ति में कठिनाई हो रही थी। दिल्ली, गाजियाबाद से अमरोहा, मुरादाबाद, रामपुर, बरेली की ओर जाने वाले भारी वाहनों को बुलंदशहर के सिकंदराबाद होते हुए डिबाई, नरौरा आदि से संभल होते हुए निकाला जा रहा था। भूड़ चौराहे बुलंदशहर से गुलावठी होकर मेरठ जाने वाले मार्ग पर भारी वाहनों का प्रवेश बंद कर दिया गया, जबकि स्याना अड्डा बुलंदशहर से अनूपशहर की ओर जाने वाले मार्ग पर हल्के-भारी वाहन बंद कर दिए गए। इसके चलते यात्रियों और वाहन चालकों को कई-कई किलोमीटर का लंबा सफर करना पड़ रहा था। बुधवार रात 10 बजे के बाद रूट डायवर्जन समाप्त होने से यात्रियों और वाहन चालकों को काफी राहत मिली है।



