बुलंदशहर, डेस्क (जय यात्रा): जनपद बुलंदशहर के थाना रामघाट क्षेत्र में बहन की हत्या के मामले में अदालत ने उसके दो सगे भाइयों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। दोनों भाइयों ने हत्या का आरोप गांव के कुछ लोगों पर लगाते हुए खुद ही मुकदमा दर्ज कराया था। हालांकि, पुलिस जांच में दोनों की भूमिका सामने आने के बाद हत्या की साजिश का खुलासा हुआ।
अनूपशहर स्थित अपर जिला एवं सत्र न्यायालय के न्यायाधीश राजेश कुमार तृतीय ने दोषी विजय कुमार और शिव कुमार को सश्रम आजीवन कारावास व 50-50 हजार रुपये के जुर्माने की सजा सुनाई है। वही, अवैध तमंचा रखने के मामले में विजय कुमार को तीन साल की अतिरिक्त सजा भी दी गई है। मामला 22 अगस्त 2021 का है, जब वीरवती घर से निकली थी, लेकिन वापस नहीं लौटी। अगले दिन उसका शव गांव के एक आम के बाग में पेड़ से लटका मिला था। मृतका के शरीर पर चोट के निशान थे और उसके जेवर भी गायब थे। इसके बाद उसके भाइयों ने गांव के कुछ लोगों पर जेवर लूटकर हत्या करने का आरोप लगाते हुए पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने मामले की जांच की तो आरोपियों की कहानी संदिग्ध मिली। विवेचना के दौरान मिले साक्ष्यों के आधार पर मृतका के दोनों भाइयों को ही हत्या का दोषी पाया गया। पुलिस ने मामले में आरोप पत्र न्यायालय में दाखिल किया।सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष ने गवाह और साक्ष्य पेश किए। इसके बाद अदालत ने दोनों भाइयों को हत्या के मामले में दोषी ठहराते हुए उम्रकैद की सजा सुनाई। जुर्माना जमा नहीं करने पर दोनों को छह-छह महीने का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा। इसके अलावा, 27 सितंबर 2021 को चेकिंग के दौरान विजय कुमार के पास से 315 बोर का अवैध तमंचा बरामद हुआ था। इस मामले में भी अदालत ने उसे तीन साल की कैद और पांच हजार रुपये के जुर्माने की सजा सुनाई है।
बहन की हत्या कर निर्दोष ग्रामीणों को फंसाने वाले दो भाइयों को उम्रकैद
RELATED ARTICLES


